भूख बढ़ाने में सहायक
एक गिलास गर्म पानी में एक नींबू, चुटकी भर काली मिर्च चूर्ण और एक चौथाई चम्मच नमक डालकर पियें। इस प्रयोग से पेट का भारीपन दूर होता है और भूख लगती है।
बुखार में बहुत ही सहायक
7 नीम के तजा पते, 7 कालीमिर्च और चुटकी भर सेंधा नमक को पीसकर, 5 चमच पानी में घोलकर सुबह सुबह खाली पेट पियें। धयान रहे इसे पिने के बाद २ घंटे तक कुछ ना खाएं। ऐसा हर रोज लेने से मौसमी बुखार (Viral fever) नहीं होता। और आप बुखार से बच सकते हो।
मलेरिया में भी कालीमिच काफी गुणकारी है
60 ग्राम पीसी हुई कालीमिर्च 2 ग्लास पानी में उबालें। जब आधा ग्लास पानी रह जाए फिर इसे छानकर 3 भाग कर लें, और हर 4 घंटे पे पियें। इससे मलेरिआ की बुखार जल्दी उतर जाती है।

बालों का झड़ना रोके
अगर आपका बाल दाध, खुजली के वजह से गिर रहा है तो चिंता की जरुरत नहीं। थोड़ी सी कालीमिर्च, प्याज और नमक को पीसकर बालों की जड़ों में लगाएं, आराम मिलेगा।
बाल काले करता है
अगर आपके बाल सफ़ेद हो गए हो तो, रोजाना सुबह (खली पेट) और शाम १० कालीमिर्च चबाकर निगल जाएँ। ऐसा काम से काम एक साल या एक साल से ज्यादा करें। कालीमिर्च को तिल का तेल के साथ मिलकर लगाने से भी फायदा होता है।
हिचकी को दूर करता है
५ कालीमिर्च, पुदीने के ३० पत्तियां, २-२ चमच सौंफ और मिश्री सब को पीस कर, एक कप गर्म पानी में घोल लें। फिर इसे छानकर पिने से हिचकी बंद हो जाती है।
कुत्ते के काटने पे बचाओ
कुत्ते के काटने पे, कालीमिर्च पीस कर घाव पर लगा दें। और फिर डॉक्टर को भी दिखा दें। ऐसा करने से जहर का असर काम हो जाता है।
गैस की समस्या
अगर आपको गैस की समस्या है तो, कालीमिर्च को पीस कर गुड़ के साथ मिला कर लेने से आराम मिलता है। साथ में गर्म पानी भी पियें।